Search

January 27, 2026 12:40 am

लेटेस्ट न्यूज़

सरकार और प्रशासन सोती रही, ग्रामीणों ने उठाया फावड़ा — चिरूडीह और लागडुम में श्रमदान से जर्जर सड़क बनी सुगम रास्ता।

ग्रामीणों ने पेश की मिसाल, श्रमदान से खुद बनाई 4 किमी जर्जर सड़क।

पाकुड़: विकास की बाट जोहते चिरूडीह एवं लागडुम गांव के ग्रामीणों ने एक बार फिर साबित कर दिया कि जनभागीदारी से कोई भी काम असंभव नहीं। सरकारी अनदेखी और प्रशासनिक उदासीनता से क्षुब्ध होकर ग्रामीणों ने खुद के श्रमदान से लगभग 4 किलोमीटर तक की जर्जर सड़क को दुरुस्त कर दिया। ग्रामीण लुकास मुर्मू, रमेश मुर्मू, मिकाइल सोरेन, मुंशी राम हेंब्रम सहित दर्जनों लोगों ने बताया कि कई बार प्रखंड और जिला प्रशासन को इस सड़क की जर्जर हालत से अवगत कराया गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। आखिरकार गांव वालों ने बैठक कर खुद ही सड़क की मरम्मत करने का निर्णय लिया और बिना किसी सरकारी मदद के कार्य शुरू कर दिया। बरसात के कारण सड़क की स्थिति और भी भयावह हो गई थी। न वाहन चल पाते थे, न पैदल चलना संभव था। तब ग्रामीणों ने चिप्स, डस्ट, मिट्टी, पत्थर और मोरम आदि से सड़क को चलने लायक बना दिया। इस कार्य में सोनकर सोरेन, निवास मुर्मू, मुंशी हेंब्रम समेत गांव के कई युवाओं और बुजुर्गों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। ग्रामीणों की इस आत्मनिर्भर पहल की हर ओर सराहना हो रही है। वहीं अब ग्रामीणों ने पथ निर्माण विभाग से मांग की है कि इस सड़क का स्थायी समाधान किया जाए ताकि सुदूरवर्ती गांवों को मुख्यालय, अस्पताल, स्कूल और बस स्टैंड से बेहतर संपर्क मिल सके।

img 20250629 wa00186116840407851636730

Leave a Comment

लाइव क्रिकेट स्कोर