पाकुड़। जिले में जनगणना 2027 की तैयारियों को लेकर समाहरणालय में उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में अहम समीक्षा बैठक हुई। बैठक में सभी कोषांगों के चार्ज पदाधिकारियों को साफ निर्देश दिया गया कि जनगणना का काम तय समय में, पूरी पारदर्शिता और शत-प्रतिशत सटीकता के साथ पूरा किया जाए। जिला सांख्यिकी पदाधिकारी चंद्रजीत खलको ने बताया कि जनगणना को लेकर प्रशासनिक तैयारी लगभग पूरी कर ली गई है। सभी कोषांगों का गठन हो चुका है। नोडल पदाधिकारी और मास्टर ट्रेनरों की नियुक्ति पूरी कर ली गई है। गांवों की सूची का सत्यापन, क्षेत्र सीमा में संशोधन, मलीन बस्तियों और बाह्य विकास नक्शों का अपडेट निदेशालय को भेज दिया गया है। चार्ज पदाधिकारियों के कार्यालयों का पता भी भेजा जा चुका है, ताकि समय पर जनगणना किट उपलब्ध हो सके। बैठक में बताया गया कि जनगणना 2027 दो चरणों में कराई जाएगी। पूरी प्रक्रिया CMMS पोर्टल के जरिए ऑनलाइन होगी। हर प्रखंड में कम से कम छह मास्टर ट्रेनर तैनात किए जाएंगे। 14 मई से 15 जून 2026 के बीच सभी प्रगणकों की नियुक्ति पूरी कर ली जाएगी। हर 700 से 800 आबादी पर एक प्रगणक रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि सभी प्रगणकों को निदेशालय की ओर से जनगणना किट दी जाएगी। डेटा ऑनलाइन दर्ज करने के लिए 4GB RAM वाला स्मार्टफोन अनिवार्य होगा।
उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि जनगणना सिर्फ आंकड़ों का काम नहीं, बल्कि नीति और विकास की नींव है। इसलिए किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं चलेगी। सभी अधिकारी आपसी तालमेल से तय समय-सीमा में तैयारी पूरी करें, ताकि जिले में जनगणना कार्य सुचारु रूप से संपन्न हो सके।






