पाकुड़। नालसा, नई दिल्ली एवं झालसा, रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पाकुड़ के तत्वावधान में संचालित ‘मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0’ अभियान के तहत बुधवार को तीन मामलों का सफल मध्यस्थता के माध्यम से निपटारा किया गया। यह पहल प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पाकुड़ दिवाकर पांडे के निर्देश पर की गई। मध्यस्थता के दौरान पाकुड़ व्यवहार न्यायालय में लंबित मूल भरण-पोषण वाद संख्या 12/2026, ओरिजनल सूट 10/2026 तथा ओरिजनल सूट 158/2025 का सुलह-समझौते के आधार पर समाधान कराया गया। प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय रजनीकांत पाठक के अथक प्रयास से वर्षों से अलग रह रहे दंपतियों के बीच चल रहे आपसी मतभेद समाप्त हुए। तीनों मामलों में पति-पत्नी ने पुराने विवाद भुलाकर पुनः साथ रहने पर सहमति जताई और भविष्य में किसी भी प्रकार के वाद-विवाद से दूर रहकर पारिवारिक जीवन व्यतीत करने का संकल्प लिया। मध्यस्थता की इस प्रक्रिया से न केवल न्यायालयीन विवाद समाप्त हुआ, बल्कि टूटते परिवारों को फिर से जोड़ने में भी सफलता मिली। प्रधान न्यायाधीश ने दंपतियों को आपसी समझ, संवाद और पारिवारिक मूल्यों के साथ सुखद जीवन जीने का संदेश दिया। यह अभियान डालसा सचिव रूपा बंदना किरो की देखरेख में संचालित किया जा रहा है। मौके पर दंपतियों के परिजन, दोनों पक्षों के अधिवक्ता एवं न्यायालय कर्मी उपस्थित रहे।








