संवेदक की मनमानी से सरकारी भवन चढ़ेगा भ्रष्टाचार का भेंट
महेशपुर प्रखंड अंतर्गत भेटाटोला पंचायत के भेटाटोला गांव में सहकारिता विभाग की पहल से बन रहे लैम्प्स गोदाम में भारी अनियमितता उजागर हुआ है. यहां संवेदक की मनमानी व धोष से घटिया निर्माण सामग्री का उपयोग करते हुए मानकों की अनदेखी खुलेआम की जा रही है. वही लैम्प्स के अध्यक्ष रमेश मरांडी और सचिव बेलाल शेख ने घटिया निर्माण कार्य को देख निर्माण स्थल के समीप विरोध जताते हुए कार्य को रोकने व अच्छे तरीके से मानकों को देखकर गोदाम निर्माण कार्य करने की बात कही. उन्होंने बताया कि भेटाटोला गांव स्थित लैंप्स गोदाम का निर्माण 34 लाख रुपये से अधिक राशि की लागत से यह लैम्पस गोदाम बनाया जा रहा है. निर्माण में खुलेआम घटिया सामग्री का उपयोग जारी है. निर्माण में पिलर में बिना रिंग लगाए पिलर ढलाई, 20 एमएम सरिया (छड़) के जगह 12 और 16 एमएम इस्तेमाल करने, पिलर को हाथ से हिलाने से अपने आप सीमेंट मसाला छूट कर नीचे गिर जा रहा है. मिट्टी युक्त बालू, घटिया ईंट, लोकल ब्रांड के सरिया व सीमेंट का उपयोग किया जा रहा है. निर्माण के बाद पानी भी नहीं पटाया जा रहा है. निर्माण स्थल पर कोई सूचना पट्ट नहीं लगा है. प्राक्कलित राशि, संवेदक समेत अन्य किसी प्रकार की जानकारी यहां उपलब्ध नहीं है. यहा कार्यरत मुंशी मनमरजी कार्य करवा रहे है. बताया कि संवेदक और मैनेजर को बोलने से धमकी देते हुए बोलता है कि जहां शिकायत करना है करो हमलोगों का कुछ बिगाड़ नहीं सकोगे. उन्होंने प्रखंड प्रशासन व उपायुक्त से निर्माण कार्य की जांच करवाकर मानक के अनुसार कार्य करवाने की मांग की है.








