डीसी मनीष कुमार व एसपी निधि द्विवेदी ने कहा—महिलाओं का सशक्तिकरण ही समाज की असली ताकत।
पाकुड़। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर जिले में महिला सशक्तिकरण को लेकर कई कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं और स्वास्थ्य कर्मियों को सम्मानित किया गया।
सदर अस्पताल, पाकुड़ के सभागार में आयोजित “प्रोजेक्ट जागृति – बेहतर स्वास्थ्य की ओर एक कदम” कार्यक्रम के तहत कालाजार उन्मूलन अभियान, एनीमिया मुक्त भारत, फैमिली प्लानिंग समेत अन्य स्वास्थ्य कार्यक्रमों में बेहतर कार्य करने वाली महिला स्वास्थ्य कर्मियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन उपायुक्त मनीष कुमार, सिविल सर्जन डॉ. सुरेन्द्र कुमार मिश्रा, उपाधीक्षक डॉ. मनीष कुमार, जिला भीवीडी पदाधिकारी डॉ. अमित कुमार, जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ. के.के. सिंह और डीपीएम ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि समाज और परिवार के निर्माण में महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के बिना समाज की प्रगति की कल्पना अधूरी है और उनके समर्पण व योगदान का सम्मान करना हम सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि जब महिलाएं सशक्त होंगी तो आने वाली पीढ़ियां भी मजबूत होंगी और समाज तेजी से विकास की दिशा में आगे बढ़ेगा। इधर रवीन्द्र भवन टाउन हॉल में “प्रोजेक्ट बदलाव” के तहत एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें जिले के विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उपायुक्त मनीष कुमार और पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी ने उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम में महिला सशक्तिकरण, शिक्षा, आत्मनिर्भरता और समान अवसर जैसे विषयों पर चर्चा की गई। उपायुक्त ने कहा कि आज महिलाएं हर क्षेत्र में पुरुषों के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ रही हैं और अपने परिश्रम से नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर रही हैं।
पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और अधिकारों की रक्षा समाज और प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने महिलाओं से अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने और किसी भी समस्या की स्थिति में पुलिस से संपर्क करने की अपील की। कार्यक्रम के दौरान स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा संचालित गतिविधियों जैसे सखी मार्ट, बर्तन बैंक, बकरी पालन, मुर्गी पालन, तसर उत्पादन, सिलाई-कढ़ाई और अन्य स्वरोजगार कार्यों की भी सराहना की गई। इस मौके पर कालाजार उन्मूलन अभियान में उल्लेखनीय योगदान देने वाली महिला स्वास्थ्य कर्मियों के साथ-साथ योग्य दंपति, नव्य दंपति, एएनएम, सीएचओ, सहिया और बीटीटी को भी उनके सराहनीय कार्यों के लिए सम्मानित किया गया।








