पीडीजे दिवाकर पांडे की अध्यक्षता में अहम बैठक, “मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0” अभियान को सफल बनाने की रणनीति तय।
पाकुड़ में आगामी नेशनल लोक अदालत और “मध्यस्थता राष्ट्र के लिए 2.0” अभियान को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से गुरुवार को एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पाकुड़ श्री दिवाकर पांडे ने की। इसमें जिले के सभी न्यायिक पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक का मुख्य फोकस लंबित एवं सुलह योग्य मामलों के त्वरित निपटारे पर रहा। इस दौरान मध्यस्थता को वैकल्पिक विवाद समाधान के मजबूत माध्यम के रूप में अपनाने पर जोर दिया गया। न्यायिक पदाधिकारियों को अधिक से अधिक मामलों को सुलह-समझौते के लिए रेफर करने तथा समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
चर्चा के दौरान लोक अदालत और मध्यस्थता के लिए उपयुक्त मामलों की पहचान, प्री-लिटिगेशन स्तर पर सुलह योग्य मामलों को प्राथमिकता देने, पक्षकारों को मध्यस्थता के लाभ समझाने और आवश्यक दस्तावेजी तैयारी समय पर पूरी करने जैसे अहम निर्णय लिए गए। साथ ही नोटिस निर्गत करने की प्रक्रिया को भी तेज करने पर सहमति बनी। पीडीजे दिवाकर पांडे ने कहा कि नेशनल लोक अदालत और मध्यस्थता अभियान का उद्देश्य सिर्फ मामलों का निपटारा नहीं, बल्कि आम लोगों को शीघ्र और सुलभ न्याय उपलब्ध कराना है। उन्होंने सभी न्यायिक पदाधिकारियों से जनहित में सक्रिय भूमिका निभाने और नेशनल लोक अदालत को अधिकतम सफलता दिलाने का आह्वान किया।





