मनरेगा का नाम बदलना गरीबों के अधिकार पर हमला, तनवीर आलम
पाकुड़: मनरेगा योजना का नाम बदलने के विरोध में कांग्रेस की ओर से आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस के प्रदेश महासचिव डॉ तनवीर आलम ने कहा कि आरएसएस-भाजपा को गांधी, गांव और गरीब से नफरत है। पाकुड़ कांग्रेस भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में तनवीर आलम ने मोदी सरकार की ओर से मनरेगा योजना में बदलाव को दुनिया के सबसे बड़ी रोजगार योजना की योजनाबद्ध हत्या करार दिया। कहा कि मनरेगा से ग्रामीणों को काम मांगने का कानूनी अधिकार दिया गया था। 100 दिन के रोजगार की गारंटी सुनिश्चित और विकेंद्रीकृत शासन को मजबूत कर महिलाओं और भूमिहीनों को सशक्त बनाया गया था।इस अधिनियम से महात्मा गांधी का नाम हटाना एक साजिश और षड्यंत्र है। महात्मा गांधी श्रम की गरिमा, सामाजिक न्याय और गरीबों के प्रति नैतिक जिम्मेदारी के प्रतीक रहे हैं। मनरेगा का नाम परिवर्तन की प्रक्रिया महात्मा गांधी के मूल्यों के प्रति भाजपा और आरएसएस की असहजता और अविश्वास को दर्शाता है। कहा कि देश के युवाओं को नाम बदलने का तमाशा नहीं, रोजगार चाहिए. लेकिन दुर्भाग्य से देश मे पिछले 11-12 वर्षों से यही हो रहा है. उन्होंने कहा कि यूपीए सरकार के कार्यकाल में शुरू की गई ढाई दर्जन से अधिक जनकल्याणकारी योजनाओं को केवल नया नाम देकर मोदी सरकार ने अपनी ब्रांडिंग की है, जबकि योजनाओं की मूल सोच, ढांचा और लाभार्थी वही रहे.तनवीर ने उदाहरण देते हुए कहा कि मनरेगा, इंदिरा आवास योजना, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन, राजीव गांधी ग्रामीण विद्युतीकरण योजना, राष्ट्रीय पोषण कार्यक्रम, जन औषधि योजना जैसी ऐतिहासिक कांग्रेस सरकार की योजनाओं को अलग-अलग नाम देकर जनता को गुमराह करने का प्रयास किया गया. उन्होंने कहा कि मोदी सरकार और भाजपा बातें बदलाव की करती हैं, लेकिन जमीनी हकीकत में वह कांग्रेस काल की नीतियों और योजनाओं पर सवार होकर राजनीति कर रही है.तनवीर ने आगे कहा कि कांग्रेस ने हमेशा गरीब, किसान, महिला, मजदूर और वंचित वर्ग को केंद्र में रखकर नीतियां बनाई हैं. लेकिन भाजपा ने केवल ब्रांडिंग, प्रचार और नामकरण तक सीमित है. उन्होंने कहा कि ‘देश को नाम बदलने की नहीं, रोजगार, महंगाई नियंत्रण, सामाजिक न्याय और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा की जरूरत है’. उन्होंने कहा कि अब भाजपा ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम पर चल रही योजना मनरेगा का नाम बदल दिया है, इसे कांग्रेस बर्दाश्त नहीं करेगी. मौके पर जिला अध्यक्ष श्रीकुमार सरकार, प्रखंड अध्यक्ष मांसारुल हक समेत पार्टी के कई वरीय पदाधिकारी मौजूद थे।





