खनन राजस्व मामले पर खनन विभाग की टीम को उपायुक्त ने किया सम्मानित
पाकुड़। अवैध खनन और खनिजों के अवैध परिवहन पर सख्त कार्रवाई के निर्देश देते हुए मनीष कुमार, उपायुक्त, पाकुड़ ने कहा कि जिले में कानून व्यवस्था से कोई समझौता नहीं होगा। समाहरणालय सभागार में आयोजित जिला स्तरीय खनन टास्क फोर्स की बैठक में उन्होंने सभी अंचलाधिकारियों और थाना प्रभारियों को नियमित जांच अभियान चलाने और अधिकतम प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए। मार्च 2026 में विशेष अभियान चलाकर अवैध खनन पर निर्णायक कार्रवाई की जाएगी। बैठक में जिला खनन पदाधिकारी ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2024-25 में लक्ष्य के अनुरूप 99.01 प्रतिशत खनन राजस्व की वसूली की गई। वहीं 2025-26 में 24 फरवरी 2026 तक निर्धारित 1770.12 करोड़ रुपये के लक्ष्य के मुकाबले 1906.09 करोड़ रुपये (107.68 प्रतिशत) की उपलब्धि हासिल हुई है। इस उल्लेखनीय प्रदर्शन पर उपायुक्त ने खनन विभाग की टीम को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया और वित्तीय वर्ष के अंत तक लगभग 2100 करोड़ रुपये राजस्व समाहरण का लक्ष्य तय किया। उपायुक्त ने चेकनाका व्यवस्था को और सुदृढ़ करने के निर्देश देते हुए कहा कि चौकीदारों के स्थान पर पुलिस बल तथा रोजगार सेवकों के स्थान पर दंडाधिकारियों की रोस्टरवार प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित की जाए। पाकुड़ अंचल के मालपहाड़ी अंतर्गत चेंगाडांगा–हमरूल पथ पर नव-स्थापित चेकनाका को एक सप्ताह के भीतर पूरी तरह संचालित करने का आदेश दिया गया। साथ ही सभी चेकनाकाओं का नियमित निरीक्षण, मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता और छायाचित्र सहित प्रतिवेदन सौंपने के निर्देश दिए गए।
बिजली आपूर्ति और विधि-व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए उपायुक्त ने नियमानुसार रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक क्रशर इकाइयों के संचालन पर रोक सुनिश्चित कराने को कहा। बैठक में निधि द्विवेदी, पुलिस अधीक्षक, पाकुड़ ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में अवैध खनन और अवैध खनिज परिवहन के विरुद्ध अधिकतम संख्या में विधिसम्मत कार्रवाई करें और गत वित्तीय वर्ष की कार्रवाई का थानावार प्रतिवेदन शीघ्र उपलब्ध कराएं।








