पाकुड़ जिले में अवैध बालू ढुलाई के खिलाफ कार्रवाई के दौरान बुधवार सुबह हालात उस समय बिगड़ गए, जब ओवरलोड ट्रैक्टर जब्त करने पहुँची परिवहन विभाग की टीम पर 10–12 की संख्या में पहुंचे असामाजिक तत्वों ने लाठी-डंडा और रॉड से हमला कर दिया। एक ट्रैक्टर भीड़ जबरन छुड़ाकर ले गई, जबकि दूसरे को सुरक्षित पुलिस लाइन पहुँचाया गया। गेट पर दो युवकों ने सरकारी कार्रवाई में बाधा डालते हुए अंगरक्षक और चालक के साथ मारपीट की। दोनों को मौके पर दबोच लिया गया। जिला परिवहन पदाधिकारी मिथिलेश कुमार चौधरी सुबह 9:33 बजे पाकुड़-बड़हरवा रोड स्थित मालीपाड़ा मोड़ के पास क्षेत्र भ्रमण पर थे। इसी दौरान दो बालू लदे ओवरलोड ट्रैक्टर आते दिखे। पदाधिकारी की गाड़ी देखते ही दोनों चालक वाहन सड़क पर छोड़कर फरार हो गए। टीम जब ट्रैक्टरों के पास पहुँची, तभी भीड़ ने धावा बोल दिया और एक ट्रैक्टर जबरन लेकर भाग निकली।दूसरा ट्रैक्टर—सोनालिका, नीला रंग, नंबर JH18M-3368—को निजी अंगरक्षक लालू प्रसाद सिंह (पुलिस संख्या-519) और चालक घोलटन रजक की मदद से जब्त कर पुलिस केंद्र ले जाया जा रहा था। जैसे ही वाहन पुलिस लाइन के मुख्य द्वार पर पहुँचा, मोटरसाइकिल (JH16D-2021, हीरो एचएफ डीलक्स) सवार दो युवकों ने ट्रैक्टर के आगे बाइक अड़ा दी और अंगरक्षक व चालक से मारपीट शुरू कर दी। गेट पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए दोनों को पकड़कर नगर थाना को सौंप दिया। गिरफ्तार युवकों की पहचान दिलवर हुसैन (20) और अब्दुल आहद (30), निवासी संग्रामपुर, थाना मुफस्सिल, जिला पाकुड़ के रूप में हुई है। जिला परिवहन पदाधिकारी ने सरकारी कार्य में बाधा, हमला और अवैध खनन से जुड़े प्रावधानों के तहत प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए आवेदन दिया है।पुलिस फरार ट्रैक्टर चालक और हमले में शामिल अन्य लोगों की पहचान में जुटी है। प्रशासन ने साफ किया है कि अवैध बालू परिवहन और ओवरलोडिंग पर सख्ती जारी रहेगी तथा सरकारी कार्रवाई में बाधा डालने वालों के खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे।





