भगवान बुद्ध ने समाज को दी नई दिशा: आजसू नेता अजहर इस्लाम
पाकुड़: बुद्ध पूर्णिमा के पावन अवसर पर आजसू नेता एवं एनडीए के पूर्व प्रत्याशी अजहर इस्लाम ने रेलवे कॉलोनी स्थित सिद्धार्थ नगर में स्थापित भगवान गौतम बुद्ध की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने “बुद्धं शरणं गच्छामि, धम्मं शरणं गच्छामि, संघं शरणं गच्छामि” का उद्घोष कर कार्यक्रम की शुरुआत की। अजहर इस्लाम ने इस अवसर पर कहा कि बुद्ध पूर्णिमा, जिसे बैसाख पूर्णिमा भी कहा जाता है, भगवान बुद्ध के जन्म दिवस के रूप में मनाई जाती है। उन्होंने बताया कि ईसा पूर्व 556 में नेपाल के लुंबिनी वन में महात्मा बुद्ध का जन्म हुआ था। भगवान बुद्ध ने समाज को नई दिशा दी और छुआछूत व अन्य सामाजिक बुराइयों के विरुद्ध आवाज़ उठाई। छठी शताब्दी ईसा पूर्व में उन्होंने धार्मिक सुधार आंदोलन का नेतृत्व करते हुए विश्व को शांति, अहिंसा और करुणा का संदेश दिया। इस अवसर पर निवर्तमान नगर परिषद अध्यक्ष सम्पा साहा ने भी भगवान बुद्ध को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि बुद्ध पूर्णिमा ज्ञान, शांति और आत्मनिरीक्षण का प्रतीक है। यह पर्व हमें उनके आदर्शों और धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है, जिसे लोग बड़ी श्रद्धा और भक्ति से मनाते हैं।






