पाकुड़िया: प्रखंड के रामलला यज्ञ मैदान में शनिवार को नौ दिवसीय श्री श्री 1008 श्री विष्णु महायज्ञ का शुभारंभ भव्य कलश शोभायात्रा के साथ हुआ। तेज बारिश के बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह कम नहीं हुआ और पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में डूबा रहा।
यज्ञ समिति के अध्यक्ष सह मुख्य यजमान शंभू कुमार भगत अपनी धर्मपत्नी सुधा देवी, सचिव अशोक भगत तथा बनारस से आए विद्वान पंडितों के नेतृत्व में सुबह करीब 10 बजे शोभायात्रा यज्ञ मंडप से निकली। शोभायात्रा मोंगलाबांध, सिदो-कान्हु मोड़ होते हुए पाकुड़िया नगर का भ्रमण कर तिरपितिया नदी घाट पहुंची, जहां वैदिक मंत्रोच्चार के बीच कलश में सामूहिक रूप से जल भरा गया।।इसके बाद श्रद्धालु माथे पर कलश लेकर पुनः यज्ञ मंडप लौटे। मंडप पहुंचने पर बड़ी संख्या में महिलाओं ने परिक्रमा कर कलश को विधिवत स्थापित किया। इस दौरान यज्ञ समिति द्वारा श्रद्धालुओं को शर्बत पिलाया गया और महाप्रसाद के रूप में खिचड़ी भंडारा वितरित किया गया। शोभायात्रा में पीले और लाल वस्त्र धारण किए करीब पांच हजार महिला-पुरुष शामिल हुए। “हर-हर महादेव”, “जय श्रीराम” और “विष्णु भगवान की जय” के जयकारों से वातावरण गूंज उठा। बंगाली ढाक और बैंड-बाजे की धुन ने शोभायात्रा को और आकर्षक बना दिया, वहीं युवाओं के हाथों में लहराते भगवा ध्वज ने माहौल को और उल्लासपूर्ण बना दिया। मंडप पहुंचने के बाद वेदाचार्यों ने मंत्रोच्चार के साथ यज्ञ कुंड में अग्नि प्रज्वलित कर विधिवत यज्ञारंभ कराया। यज्ञ समिति के सचिव अशोक भगत ने बताया कि आगामी नौ दिनों तक प्रतिदिन देवी-देवताओं की प्रतिमा दर्शन, पूजन, मंडप परिक्रमा और संध्या आरती होगी। साथ ही प्रत्येक रात्रि सुप्रसिद्ध कलाकारों द्वारा संगीतमय भक्ति प्रवचन का आयोजन किया जाएगा। महायज्ञ की पूर्णाहुति 29 मार्च को होगी।







