पाकुड़। श्री श्री गोपाल गौशाला में मकर संक्रांति पर बुधवार को दही-चूड़ा का कार्यक्रम रखा गया। जिसमें गौशाला के पदाधिकारी के अलावा शहर के विद्वान और गणमान्य लोगों ने हिस्सा लिया। इस खास अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में समाजसेवी लुत्फल हक शामिल हुए। उन्होंने मकर संक्रांति के पावन अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में तमाम मौजूद लोगों के साथ दही-चूड़ा ग्रहण किया। इससे पूर्व समाजसेवी लुत्फल हक ने गोपाल गौशाला में गाय पालन और व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने गौशाला की व्यवस्था देख प्रसन्नता जाहिर की। गौशाला की व्यवस्थाओं और गोपालन के उद्देश्यों से काफी प्रभावित हुए। उन्होंने मौके पर ही गौशाला में उत्कृष्ट नस्ल के दस-दस गाय उपलब्ध कराने का ठोस भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि गोपाल गौशाला में गाय पालन और व्यवस्थाओं ने मुझे काफी प्रभावित किया है। यहां की व्यवस्था देख मुझे काफी खुशी हो रही है। उन्होंने कहा कि गौशाला को उत्कृष्ट नस्ल का दस गाय उपलब्ध कराउंगा। उन्होंने गौशाला में गायों के लिए पदाधिकारियों को हरा चारा उपलब्ध कराने को लेकर मार्गदर्शन भी मांगा। उन्होंने कहा कि अगर गायों को हरा चारा उपलब्ध कराने के लिए जमीन भी तलाश करना पड़े तो जरूर कोशिश करेंगे। उन्होंने आने वाले समय में कभी भी जरूरत पड़ने पर गौशाला के लिए हर संभव सहयोग करने का भरोसा भी दिलाया। इससे पहले बतौर मुख्य अतिथि समाजसेवी लुत्फल हक का गोपाल गौशाला में गुलदस्ता देकर स्वागत किया गया। उन्हें पवन जैन ने गुलदस्ता भेंट कर स्वागत किया। इसके बाद शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। उन्हें गुरमुख बिरानी ने शाल ओढ़ाया। वहीं किशोर खेमानी ने मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया। आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि लुत्फल हक के समाजसेवा के कार्यों की काफी सराहना हुई। कहा कि समाजसेवा के कार्यों से लुत्फल हक ने पाकुड़ जिले का नाम झारखंड राज्य तक ही सीमित नहीं रखा है, बल्कि मुंबई, कोलकाता, दिल्ली जैसे शहरों के अलावा विदेशों में भी पाकुड़ का नाम रोशन किया है। लंदन, मकाउ, दुबई, मलेशिया जैसे देशों में भी पाकुड़ जिले का मान बढ़ाया है। लुत्फल हक सिर्फ एक नाम नहीं रह गया है, बल्कि हर जरूरतमंद के लिए उम्मीद की किरण है। लोगों की उम्मीद बन गए हैं। मौके पर श्री श्री गोपाल गौशाला के अध्यक्ष किशोर खेमानी, कोषाध्यक्ष प्रवीण जैन, घनश्याम टिबरीवाल, प्रेमचंद गंगवानी, प्रमोद डोकानिया, डॉ श्याम भगत, संजीव खत्री, हरिशंकर जायसवाल, बृजमोहन साह, समीर कचैला, ओम प्रकाश जुलमानी, निर्मल जैन आदि मौजूद थे।












