पाकुड़ : उत्क्रमित उच्च विद्यालय डांगापाड़ा में आयोजित समर कैंप के तहत विद्यार्थियों की रचनात्मक प्रतिभा, कलात्मक अभिरुचि और बौद्धिक क्षमता को निखारने के उद्देश्य से विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में ड्राइंग प्रतियोगिता, मटका पेंटिंग, डोर तोरण मेकिंग, मेहंदी आर्ट, चित्रांकन एवं निबंध लेखन प्रतियोगिता आयोजित हुई, जिसमें छात्र-छात्राओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। समर कैंप के दौरान विद्यालय परिसर बच्चों की रंग-बिरंगी कलाकृतियों से आकर्षण का केंद्र बना रहा। मटका पेंटिंग प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने पारंपरिक और आधुनिक कला का सुंदर संगम प्रस्तुत करते हुए मटकों को आकर्षक रंगों और डिजाइनों से सजाया। वहीं मेहंदी आर्ट प्रतियोगिता में छात्राओं ने अपने हाथों पर बारीक और खूबसूरत डिजाइनों को उकेरकर अपनी कलात्मक प्रतिभा का परिचय दिया।
डोर तोरण मेकिंग एवं सजावटी सामग्री निर्माण प्रतियोगिता में बच्चों ने फूलों, रंगीन कागजों और अन्य सजावटी सामग्रियों का उपयोग कर आकर्षक तोरण, गुलदस्ते, गारलैंड और वॉल हैंगिंग तैयार किए। विद्यार्थियों की सृजनात्मकता और मेहनत ने सभी को प्रभावित किया। विधिक साक्षरता कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित चित्रांकन और निबंध लेखन प्रतियोगिता में बच्चों ने शिक्षा, अधिकार, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक जागरूकता जैसे विषयों पर प्रभावशाली प्रस्तुति दी। विद्यार्थियों के चित्र और निबंधों में सामाजिक सरोकारों की स्पष्ट झलक देखने को मिली।
विद्यालय के प्रधानाध्यापक आनंद कुमार भगत ने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां बच्चों के अंदर छिपी प्रतिभा को सामने लाने के साथ-साथ उनमें आत्मविश्वास, रचनात्मक सोच और सामाजिक जागरूकता विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने कहा कि समर कैंप का उद्देश्य बच्चों को शिक्षा के साथ कला, संस्कृति और जीवन कौशल से जोड़ना है। कार्यक्रम को सफल बनाने में शिक्षिकाएं मनीषा कुमारी, पूनम कुमारी एवं चांदनी मरांडी की महत्वपूर्ण भूमिका रही। अंत में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों की सराहना की गई तथा सभी विद्यार्थियों को भविष्य में भी इसी उत्साह और लगन के साथ भाग लेने के लिए प्रेरित किया गया।







