राजस्व ने तोड़ा रिकॉर्ड—लक्ष्य से ज्यादा वसूली, अब निगरानी और सख्त करने पर जोर
पाकुड़। अवैध खनन, परिवहन और भंडारण पर लगाम कसने के लिए जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है। समाहरणालय सभागार में उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में हुई जिला खनन टास्क फोर्स की बैठक में स्पष्ट कर दिया गया कि जिले में अब “जीरो टॉलरेंस” की नीति लागू होगी और किसी भी स्तर पर गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक में पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी समेत सभी संबंधित अधिकारियों की मौजूदगी में अवैध गतिविधियों पर व्यापक समीक्षा की गई। निर्णय लिया गया कि जिले के सभी चेकनाका पर चौकीदारों की जगह पुलिस बल की तैनाती तीन पालियों में की जाएगी, ताकि 24 घंटे निगरानी सुनिश्चित हो सके। जिला खनन विभाग ने बताया कि खनन राजस्व में इस बार रिकॉर्ड वृद्धि दर्ज की गई है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में तय लक्ष्य 1770.12 करोड़ रुपये के मुकाबले 17 मार्च तक 2024.37 करोड़ रुपये की वसूली हो चुकी है, जो 114.36 प्रतिशत है। पिछले वित्तीय वर्ष में भी 99.01 प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया गया था। उपायुक्त ने निर्देश दिया कि चेकनाका पर तैनात दंडाधिकारियों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और नए अधिकारियों को वाहन जांच व कार्रवाई का प्रशिक्षण जल्द दिया जाए। साथ ही सभी चेकनाका को व्यवस्थित रखने और मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए गए।





