लिट्टीपाड़ा के प्रधानाध्यापक का स्कूल के प्रति लापरवाही से बच्चों की पढ़ाई संकट में।
प्रशांत मंडल
लिट्टीपाड़ा (पाकुड़) लिट्टीपाड़ा के प्राथमिक विद्यालय कलदम पहाड़ के प्रधानाध्यापक अपने तरीके से विद्यालय संचालन करते हैं। यह विद्यालय न समय पर खोलते हैं न ही समय पर बंद करते हैं। यहां के प्रधानाध्यापक जब जी चाहे तब खोलते हैं और बंद करते हैं। ऐसा ही मामला गुरुवार को देखने को मिला। जब हमारे संवाददाता दोपहर दो बजे प्राथमिक विद्यालय कलदम पहुंचा तो देखा विद्यालय बंद पाया। वैसे ही शिक्षा मामले में लिट्टीपाड़ा प्रखंड सबसे पिछड़ा है। लेकिन फिर भी शिक्षक अपने जिम्मेदारी से भागने में कोई कसर नहीं छोड़ रहें हैं। इसको पढ़ाने से कोई मतलब नहीं है। सिर्फ खाना पूर्ति के लिए विद्यालय आते हैं और जाते हैं वो भी समय पर नहीं।कलदम पहाड़ के ग्रामीण ने बताया कि प्राथमिक विद्यालय कलदम पहाड़ के प्रधानाध्यापक कालीचरण साहा कभी भी समय पर नहीं आते हैं और न ही बच्चों को पढ़ाते हैं। सारी नियमो को ताक पर रख कर अपने तरीके से संचालित करते हैं। यहां तक कि उक्त शिक्षक से सीआरपी भी परेशान हैं। सीआरपी धनंजय कुमार साहा ने खुद हमारे संवाददाता को दूरभाष पर बताया। जब प्रधानाध्यापक कालीचरण साहा से संपर्क किया गया तो वह खुद स्वीकार किया कि मैं दो बजे विद्यालय से निकला हूं। जब विद्यालय का समय सारिणी सुबह 9बजे से दोपहर 3बजे तक हैं, तो फिर उक्त प्रधानाध्यापक कैसे दो बजे विद्यालय बंद कर दिया। फिलहाल यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या ऐसे लापरवाह शिक्षक पर कारवाई करेगी या फिर ऐसा ही चलने दिया जाएगा। जब जिला शिक्षा अधीक्षक नयन कुमार से संपर्क करना चाहा तो उनका मोबाईल स्विच ऑफ बताया।





