हिरणपुर/पाकुड़ : अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर बाल विवाह जैसी कुप्रथा पर रोक लगाने के उद्देश्य से विशेष जागरूकता अभियान चलाया गया। इस क्रम में तोड़ाई शिव मंदिर, मोहनपुर शिव मंदिर एवं देवपुर मंदिर का भ्रमण कर लोगों को जागरूक किया गया।
अभियान के दौरान पंडित भूदेव दुबे एवं मनोज कुमार दुबे से विस्तृत चर्चा की गई। दोनों पुजारियों ने स्पष्ट किया कि उनके यहां बाल विवाह को किसी भी सूरत में बढ़ावा नहीं दिया जाता है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक विवाह से पहले उम्र एवं अन्य आवश्यक पहलुओं की पूरी जांच-पड़ताल की जाती है, उसके बाद ही विवाह संपन्न कराया जाता है। इस मौके पर पीसीआई-यूनिसेफ के जिला प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर ने मौजूद लोगों को बाल विवाह के दुष्परिणामों और इसके खिलाफ कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बाल विवाह करना या कराना कानूनन अपराध है, जिस पर सख्त कार्रवाई का प्रावधान है। अभियान के माध्यम से लोगों से अपील की गई कि वे बाल विवाह जैसी कुप्रथा को जड़ से खत्म करने में सहयोग करें और एक सुरक्षित, जागरूक व सशक्त समाज के निर्माण में अपनी भूमिका निभाएं।







