पाकुड़, मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के तहत गणना प्रपत्र भरने और जमा कराने के नाम पर किसी भी प्रकार की राशि वसूलना पूरी तरह अवैध है। जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने स्पष्ट किया है कि एसआईआर प्रपत्र का वितरण, भरवाना और संग्रहण पूरी तरह निशुल्क है। यदि कोई व्यक्ति इसके बदले पैसे मांगता है, तो उसकी तत्काल शिकायत करें। ऐसे लोगों के खिलाफ विधि-सम्मत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार जिले में बूथ स्तरीय पदाधिकारी (बीएलओ) घर-घर जाकर गणना प्रपत्र वितरित और एकत्र कर रहे हैं। हाल के दिनों में कुछ स्थानों पर प्रपत्र भरने के नाम पर अवैध वसूली की भ्रामक सूचनाएं सामने आई हैं। प्रशासन ने इसे गंभीरता से लेते हुए लोगों से ऐसी अफवाहों पर विश्वास नहीं करने की अपील की है। डीसी ने कहा कि मतदाता केवल निर्वाचन आयोग द्वारा अधिकृत बीएलओ के माध्यम से ही प्रपत्र भरें और जमा करें। प्रत्येक गणना प्रपत्र पर संबंधित बीएलओ का नाम और मोबाइल नंबर अंकित है, ताकि जरूरत पड़ने पर मतदाता सीधे उनसे संपर्क कर सकें। उन्होंने जिले के सभी मतदाताओं से विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील करते हुए कहा कि यदि कोई व्यक्ति एसआईआर प्रपत्र के नाम पर पैसे मांगता है या किसी तरह की भ्रामक जानकारी फैलाता है, तो इसकी सूचना तत्काल जिला निर्वाचन कार्यालय को दें। प्रशासन ने शिकायत और सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर 1950 तथा 06435-222064 जारी किया है, जहां मतदाता किसी भी प्रकार की जानकारी या शिकायत दर्ज करा सकते हैं।





