अब्दुल अंसारी
महेशपुर पाकुड़ : महेशपुर प्रखंड क्षेत्र के बाजार सहित अनको ग्रामीण क्षेत्रों में युवा वर्ग नशे की चपेट में है। इसमें कैराछतर , छक्कूधारा , छोटकेंदूवा बलियाडागा सबसे अधिक युवा वर्ग नसे की चपेट में है। कैराछतर गांव में स्थित विदेशी शराब दुकान के खुलने से ही लोगो का भीड़ लग जाता है, और सुबह शाम, खुले आम रोड किनारे बालिका आवासीय कुस्तुरबा विधालय के पीछे तो कभी मालधारा स्कूल के समीप लोग बैठ कर शराब पीते है जिसमे ग्रामीण व स्कूल के बच्चे इनका विरोध कर रहे। है ग्रामीणों ने बताया कि इनका असर बच्चों पर भी पड़ रहा है। इन पर नशा न सिर्फ शारीरिक बल्कि मानसिक दुष्प्रभाव डाल रहा है। नशे की पूर्ति के लिए अपराध से भी वह हिचक नहीं रहे हैं। इसलिए आए दिन चोरी, बाइक दुर्घटना, झगड़ा झंझट होते आ रहा है।
नशे के कारण सबसे अधिक प्रभावित युवा वर्ग है। इससे उनका मानसिक संतुलन खराब हो रहा है। एक बार नशे की लत में पड़ने के बाद इससे निकलना मुश्किल हो रहा है। युवा वर्ग नसे की लत में इस कदर डूबा रहता है कि इसके दुष्परिणाम के बारे में नहीं सोचता। इसमें छोटे-छोटे बच्चे शामिल हैं। नशे की लत में सबसे अधिक ग्रामीण लड़के शामिल हैं।
किया कहते है ग्रामीण लोग व शिक्षक, स्थानीय प्रतिनिधि:- इसका संज्ञान थाना में दूरभाष के माध्यम से दे दिया गया है जल्द ही लिखित आवेदन थाना में दे दिया जायेगा कार्यवाही हेतु।





