पाकुड़। नालसा, नई दिल्ली और झालसा, रांची के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ द्वारा चलाए जा रहे “मेडिएशन फॉर द नेशन 2.0” अभियान के तहत सोमवार को तीन मामलों का सफल सुलह-समझौता कराया गया।
यह प्रक्रिया प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष डालसा दिवाकर पांडे के नेतृत्व और डालसा सचिव रूपा बंदना किरो के मार्गदर्शन में कुटुंब न्यायालय में हुई। कुटुंब न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश रजनीकांत पाठक के प्रयास से वर्षों से अलग रह रहे तीन दंपतियों के बीच चल रहे विवाद का समाधान हो सका। सुलह हुए मामलों में भरण-पोषण वाद संख्या 294/2025 (उर्मिला खातून बनाम सत्तारूल शेख), भरण-पोषण वाद संख्या 298/2025 (मुनीजा बीबी बनाम बाबेर अली) और ओरिजिनल सूट संख्या 130/2025 (फारूक शेख बनाम सहनारा खातून) शामिल हैं।
मध्यस्थता के दौरान तीनों मामलों में पति-पत्नी ने आपसी मतभेद भुलाकर साथ रहने पर सहमति जताई। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे की भावनाओं का सम्मान करने और भविष्य में विवाद नहीं करने का संकल्प लिया। कुटुंब न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश रजनीकांत पाठक ने दंपतियों को आपसी समझ और संवाद के साथ पारिवारिक जीवन जीने की सलाह दी। इस दौरान परिजन, अधिवक्ता और न्यायालय कर्मी मौजूद रहे।








