पाकुड़। जिले में विकास योजनाओं को गति देने के लिए उपायुक्त श्री मनीष कुमार ने मनरेगा और विभिन्न आवास योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से हुई बैठक में उन्होंने स्पष्ट कहा कि कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही, देरी या अनियमितता अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मनरेगा की समीक्षा में उपायुक्त ने शत-प्रतिशत ई-केवाईसी को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने, लंबित एवं पुरानी योजनाओं को तीन दिनों के भीतर बंद करने और सोशल ऑडिट की एक्शन टेकन रिपोर्ट को अनिवार्य रूप से पोर्टल पर अपलोड करने का निर्देश दिया। साथ ही अपूर्ण डोभा योजनाओं का आकलन कर शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा गया।
मानव दिवस सृजन में सुधार लाने, एरिया ऑफिसर ऐप में लक्ष्य के अनुरूप डेटा कैप्चर करने तथा 100 दिन रोजगार लक्ष्य को पूरा करने के लिए 81–99 दिन काम कर चुके मजदूरों को प्राथमिकता से काम से जोड़ने पर विशेष जोर दिया गया। बिरसा हरित ग्राम योजना में भी तेजी और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
वहीं आवास योजनाओं की समीक्षा में उपायुक्त ने दो टूक कहा कि लाभुकों को किस्त भुगतान में किसी भी प्रकार की देरी स्वीकार्य नहीं होगी। उन्होंने निर्देश दिया कि जियो-टैग किए गए लाभार्थियों को 24 घंटे के भीतर प्रथम, द्वितीय और तृतीय किस्त का भुगतान सुनिश्चित किया जाए। साथ ही अबुआ आवास, पीएम आवास (ग्रामीण), पीएम जनमन और बाबा साहेब अंबेडकर आवास योजना के लंबित घरों को जल्द पूरा कराया जाए। उपायुक्त ने अधिकारियों को नियमित मॉनिटरिंग, फील्ड निरीक्षण और समयबद्ध कार्य निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश देते हुए कहा कि सरकार की प्राथमिकता है—ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक रोजगार सृजन और हर जरूरतमंद को समय पर आवास उपलब्ध कराना।





