अमर भगत
अमड़ापाड़ा/पाकुड़। ग्रामीण इलाकों में सर्पदंश आज भी एक गंभीर स्वास्थ्य चुनौती बना हुआ है। खासकर गर्मी और बरसात के मौसम में खेतों, जंगलों और घरों के आसपास सांपों की सक्रियता बढ़ जाती है। समय पर सही इलाज नहीं मिलने से कई बार जान तक चली जाती है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अमड़ापाड़ा के चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. शिवम कुमार ने लोगों से अपील की है कि सर्पदंश की स्थिति में झाड़-फूंक या घरेलू उपचार में समय बर्बाद करने के बजाय तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल पहुंचें। डॉ. कुमार ने बताया कि विषैले सांपों के काटने पर दंश वाले स्थान पर तेज दर्द, सूजन, लालिमा, चेहरे और मुंह में झुनझुनी, सांस लेने में परेशानी, उल्टी, चक्कर, बेहोशी, आंखों से धुंधला या दोहरा दिखना तथा शरीर में लकवे जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। ऐसे लक्षण नजर आते ही मरीज को तत्काल अस्पताल ले जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अमड़ापाड़ा समेत सभी सरकारी अस्पतालों, चिकित्सा महाविद्यालयों और कई स्वास्थ्य केंद्रों में एंटी स्नेक वेनम (ASV) निशुल्क उपलब्ध है। यह दवा सांप के विष को निष्क्रिय कर मरीज की जान बचाने में प्रभावी भूमिका निभाती है। डॉक्टरों की निगरानी में ASV के साथ आवश्यक सहायक उपचार भी दिया जाता है। समय पर इलाज मिलने पर अधिकांश मरीज पूरी तरह स्वस्थ हो जाते हैं। डॉ. कुमार ने कहा कि सर्पदंश होने पर मरीज को शांत रखें, प्रभावित अंग को कम से कम हिलाएं और तुरंत अस्पताल ले जाएं। दंश वाले स्थान पर चीरा लगाना, विष चूसने की कोशिश करना या रस्सी-बैंड से कसकर बांधना खतरनाक साबित हो सकता है। उन्होंने लोगों को बचाव के उपाय भी बताए। घर के आसपास झाड़ियां और घास-फूस साफ रखें, अनाज सुरक्षित ढंग से रखें, रात में टॉर्च का इस्तेमाल करें, खेतों में काम करते समय लंबे जूते और मोटे कपड़े पहनें तथा बच्चों को सुनसान और झाड़ियों वाले क्षेत्रों में अकेले न जाने दें। सोते समय मच्छरदानी का उपयोग भी सर्पदंश के खतरे को कम करता है। चिकित्सा पदाधिकारी ने कहा कि सर्पदंश कोई अंधविश्वास नहीं, बल्कि चिकित्सकीय आपात स्थिति है। सही समय पर अस्पताल पहुंचना ही जीवन बचाने का सबसे प्रभावी उपाय है। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से अपील की कि किसी भी सर्पदंश की घटना में तुरंत सरकारी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें, क्योंकि स्वास्थ्य विभाग की टीम चौबीसों घंटे सेवा के लिए तैयार रहती है।







