पशुपालन इकाइयों का किया निरीक्षण, सब्जी की खेती और फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने के निर्देश।
पाकुड़। लिट्टीपाड़ा प्रखंड के चितलो फार्म में बुधवार को उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने समेकित बिरसा ग्राम विकास योजना सह कृषक पाठशाला का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने खेती और पशुपालन की गतिविधियों का जायजा लिया। डीसी ने कृषि उत्पादन बढ़ाने, उपलब्ध जमीन का बेहतर इस्तेमाल करने और ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने पर जोर दिया। निरीक्षण के दौरान डीसी ने गौशाला, बकरी, सुअर और कुक्कुट पालन इकाइयों की स्थिति देखी। उन्होंने संबंधित कर्मियों को पशुओं की नियमित देखभाल, बेहतर प्रबंधन और उत्पादन क्षमता बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कृषि और पशुपालन को बेहतर तरीके से अपनाकर ग्रामीण परिवारों की आय बढ़ाने की संभावनाओं को मजबूत किया जा सकता है।

प्रशिक्षण ले रहीं दीदियों से किया संवाद।
डीसी ने कृषक पाठशाला में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहीं दीदियों से बातचीत कर प्रशिक्षण और आजीविका से जुड़ी गतिविधियों की जानकारी ली। उन्होंने महिलाओं को प्रशिक्षण से मिले कौशल का उपयोग कर आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रोत्साहित किया। साथ ही फार्म परिसर में सब्जी की खेती का विस्तार करने और झाड़ियों की सफाई कर खेती योग्य जमीन का समुचित उपयोग सुनिश्चित करने को कहा।
फलदार पौधों की देखभाल पर जोर।
डीसी ने परिसर में लगाए गए नींबू, अमरूद और ड्रैगन फ्रूट के पौधों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने वैज्ञानिक पद्धति से खेती, फसल विविधीकरण और उन्नत कृषि तकनीकों को अपनाने की आवश्यकता बताई। अधिकारियों को योजनाओं की नियमित निगरानी करने, प्रशिक्षण की गुणवत्ता बनाए रखने और निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने का निर्देश दिया। मौके पर जिला कृषि पदाधिकारी अभिषेक मिश्रा, कृषक पाठशाला के संचालक पवन कुमार समेत अन्य कर्मी मौजूद थे।






