डालसा पाकुड़ ने नब्बे दिवसीय विशेष अभियान के तहत बंदियों, वरिष्ठ नागरिकों और ग्रामीणों को दी निशुल्क कानूनी सहायता की जानकारी।
पाकुड़। झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार (झालसा), रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डालसा), पाकुड़ द्वारा 90 दिवसीय गहन विधिक जागरूकता एवं जनसंपर्क अभियान के तहत सोमवार को जेल एवं विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक जागरूकता कार्यक्रम चलाया गया। यह अभियान प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार पाकुड़ दिवाकर पांडेय के निर्देश तथा डालसा सचिव रूपा बंदना किरो के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। अभियान के दौरान पाकुड़ मंडल कारा में लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम के चीफ सुबोध कुमार दफादार एवं पैनल अधिवक्ता संजीत कुमार मुखर्जी ने बंदियों को उनके कानूनी अधिकारों तथा विधिक सहायता से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां दीं। उन्होंने नालसा की जागृति योजना-2025 के तहत वरिष्ठ नागरिकों के अधिकार, सरकारी कल्याणकारी योजनाओं और निःशुल्क कानूनी सहायता की उपलब्ध सुविधाओं के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की।
वहीं लिट्टीपाड़ा प्रखंड के पथरिया गांव में पैरा लीगल वॉलंटियर आनंद मुर्मू ने वरिष्ठ नागरिकों एवं ग्रामीणों को उनके कानूनी अधिकारों, संरक्षण एवं कल्याणकारी प्रावधानों के संबंध में जागरूक किया। पोखरिया गांव में पैरा लीगल वॉलंटियर जयंती टुडू ने बाल विवाह, घरेलू हिंसा, माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिक भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम-2007 के प्रावधानों के साथ-साथ सरकारी योजनाओं और विधिक सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया की जानकारी दी।
इसके अलावा पैरा लीगल वॉलंटियर्स सायेम अली, भरत कुमार साहा, प्रियंका झा, प्रकाश किस्कू, मोलीता कुमारी, रानी साहा, हरेंद्र मालतो, सुजाता घोष, कमला राय गांगुली एवं नीरज कुमार राउत ने अपने-अपने कार्यक्षेत्रों में लोगों को जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा उपलब्ध कराई जाने वाली निःशुल्क कानूनी सहायता, नालसा के टोल फ्री नंबर 15100 तथा विभिन्न सरकारी कल्याणकारी योजनाओं के संबंध में जागरूक किया। अभियान के माध्यम से ग्रामीणों, वरिष्ठ नागरिकों एवं जरूरतमंद लोगों को न्याय तक आसान पहुंच सुनिश्चित करने तथा कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक बनाने का प्रयास किया गया।








