महज दो घंटों में एसडीपीओ अजीत कुमार विमल ने किया हत्या के मामला का खुलासा,हथियार को किया बरामद।
हत्यारा मोती मंडल बीस सालों से छाबरिया इंजीनियरिंग कंपनी नरेश मध्यान के यहां बावर्ची का काम करता था।
सतनाम सिंह
पाकुड़ सिंधी पाड़ा के बड़े पत्थर व्यवसाई छाबरिया इंजीनियरिंग कंपनी से कर्मचारी की लाश संदिग्ध हालात में कंपनी के आवास में पाई गई है,मृतक मोहनदास लालवानी,51वर्ष, उत्तर प्रदेश कानपुर का रहने वाला है जो करीब पंद्रह सालों से नरेश मध्यान, छाबरिया इंजीनियरिंग कंपनी जो पत्थर का व्यवसाय करते है इनके यहां नौकरी किया करता था,बीते रात खाना खाने को लेकर मेस में गए और लोट कर अपने रूम जो कंपनी के कंपाउंड में ही था वापस नहीं आए, सुबह 6 बजे कंपनी का बावर्ची मोती मंडल के द्वारा रूम खोलने पर देखा की मोहनदास लालवानी फर्श पर गिरा पड़ा है और उनके सिर से काफी खून बह कर फर्श पर बिखरा पड़ा है,बावर्ची ने तुरंत इस घटना की खबर अपने कंपनी के मालिक नरेश मध्यान को फोन के माध्यम से दी,कंपनी के मालिक ने तुरंत इस घटना की खबर सिंधीपाड़ा एसोसिएशन एवं सिंधी समाज के अध्यक्ष उदय लखवानी को दी,घटना स्थल पर पूरा सिंधी समाज के आने के बाद सिंधीपाड़ा समाज के अध्यक्ष उदय लखवानी ने इस घटना की खबर पाकुड़ एसडीपीओ अजीत कुमार विमल को दी, एसडीपीओ अजीत कुमार विमल एवं नगर थाना पुलिस तुरंत सिंधीपाडा के छाबरिया हाउस पहुंचे, एसडीपीओ अजीत कुमार विमल ने फर्श पर पड़े बॉडी को देख घटनास्थल की सघन छानबीन की,एक एक कर पूरे घर की तलाशी ली गई, एसडीपीओ और फोरेंसिक टीम ने कंपनी के पार्क की तलाशी ली जहां खून से सना हुआ एक प्लास्टिक का थैला मिला,हत्या की सक और गहरी हुई कंपनी के स्टाफ के रूम की भी जांच की गई और आखिर में कंपनी के बावर्ची मोती मंडल के रूम की तलाशी ली गई जहां मोती मंडल के कपड़े खून से सने हुए पाए गए और बिस्तर पर भी खून लगा हुआ था, एसडीपीओ अजीत कुमार विमल के निर्देश पर नगर थाना पुलिस ने बावर्ची मोती मंडल को गिरफ्तार कर थाना ले गई जहां मोती मंडल ने अपना जुर्म कबूल लिया और जिस हथियार से मोहनदास ललवानी को मारा था उसकी भी जानकारी पुलिस को दी,पुलिस के द्वारा हथियार बरामद कर लिया है। एसपी पाकुड़ एचपी जनार्दन ने बताया की हत्यारा मोती मंडल ने अपना जुर्म कबूल लिया कानूनी कार्रवाई पूरी करते हुए हत्यारे को न्यायिक हिरासत पाकुड़ को भेजा जाएगा। एसडीपीओ अजीत कुमार विमल नेतृत्व में टीम के साथ फॉरेंसिक टीम के पदाधिकारी, नगर थाना के एसआई संतोष कुमार, एसआई शुभम कुमार और नगर पुलिस बल थी।










