पाकुड़ शहर भर में चैत्र नवरात्रि के पांचवें दिन रविवार को मां दुर्गा के स्कंदमाता स्वरूप की पूजा की गई ।मां दुर्गा के सभी रुपों में स्कंदमाता का ममतामयी रूप है और इनकी पूजा करने से बुद्धि का विकास होता है और ज्ञान की प्राप्ति होती है। स्कंद कुमार अर्थात स्वामी कार्तिकेय की माता होने के कारण मां के पांचवे स्वरूप को स्कंदमाता कहा जाता है। सोमवार षष्ठी है और साथ ही चैती छठ का पहला अरघ भी है ।बासंती चैत्र नवरात्र के पांचवें दिन स्कंदमाता की पूजा में राज हाई स्कूल रोड स्थित दुर्गा कॉलोनी मंदिर में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ । बताया जाता क्या स्कंद माता की पूजा अर्चना से संतान की प्राप्ति होती है । और ममता से भरी स्कंदमाता का श्रद्धालुओं ने जयकारे लगाए । नौ दिनों तक चलने वाला चैत्र नवरात्रा बहुत धूमधाम और भव्यता के साथ मनाया जाता है । इस हिंदू त्योहार में नौ दिनों तक देवी दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा करते हैं ।
शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में गुंजने लगी देवी के भजन ।
नवरात्र को लेकर क्ष्रेत्र का माहौल भक्तिमय बना हुआ है।







