लंबित केस निपटाने, अपराधियों पर नजर और सड़कों पर सख्ती के कड़े फरमान।
पाकुड़ में कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए शुक्रवार को पुलिस अधीक्षक की अध्यक्षता में मासिक अपराध समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपराध नियंत्रण, लंबित मामलों के निष्पादन और जनसुरक्षा से जुड़े कई अहम निर्देश जारी किए गए। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मार्च माह में दर्ज 106 मामलों के मुकाबले 110 मामलों का निष्पादन किया गया है, जो बेहतर प्रदर्शन का संकेत है। वहीं शेष लंबित मामलों की समीक्षा कर उन्हें जल्द से जल्द निपटाने के निर्देश सभी थाना और ओपी प्रभारियों को दिए गए। चोरी, गृहभेदन और छिनतई जैसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए रात्रि गश्ती और टाइगर मोबाइल को और सक्रिय करने को कहा गया है। साथ ही अवैध कोयला, पत्थर और बालू के उत्खनन व परिवहन पर सख्ती बरतते हुए जिला खनन टास्क फोर्स के साथ नियमित छापेमारी अभियान चलाने का निर्देश दिया गया। सामाजिक अपराधों की रोकथाम के लिए बाल विवाह, नशामुक्ति, मानव तस्करी, साइबर अपराध और महिला अत्याचार जैसे विषयों पर स्कूल-कॉलेजों में हर महीने जागरूकता अभियान चलाने का आदेश दिया गया।
बढ़ते सड़क हादसों पर नियंत्रण के लिए परिवहन विभाग के साथ समन्वय बनाकर नियमित वाहन जांच अभियान चलाने, हेलमेट, सीटबेल्ट, रजिस्ट्रेशन और इंश्योरेंस की सख्ती से जांच करने तथा ड्रंक एंड ड्राइव के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए। पिछले पांच वर्षों के संगीन मामलों में दोषी अपराधियों को दागी पंजी, आरोपितों को निगरानी पंजी और असामाजिक तत्वों को गुंडा पंजी में दर्ज कर लगातार नजर रखने को कहा गया है। वहीं न्यायालय में लंबित मामलों में समय पर गवाही और दस्तावेज प्रस्तुत करने पर भी जोर दिया गया। बैठक में आम लोगों के साथ बेहतर व्यवहार करने और शिकायतों का त्वरित व विधिसम्मत समाधान करने का निर्देश दिया गया। आगामी JPSC और अन्य परीक्षाओं को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखने को कहा गया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों को e-Sakshya App का प्रशिक्षण भी दिया गया और इसके संचालन में आ रही समस्याओं का समाधान किया गया। बैठक के अंत में महेशपुर, पाकुड़िया, मुफस्सिल, हिरणपुर, लिट्टीपाड़ा, मालपहाड़ी ओपी और सिमलोंग ओपी के थाना प्रभारियों को जून 2025 से अब तक वारंट निष्पादन में उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।







