पाकुड़। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शनिवार को पाकुड़ में विभिन्न राजनीतिक दलों के जिला कार्यालयों में पूरे उत्साह और देशभक्ति के माहौल के बीच राष्ट्रध्वज फहराया गया। झामुमो, कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल के कार्यालयों में आयोजित कार्यक्रमों में नेताओं व कार्यकर्ताओं ने तिरंगे को सलामी देते हुए देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले वीर शहीदों और स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धापूर्वक नमन किया। धनुषपूजा स्थित जिला झामुमो कार्यालय में जिलाध्यक्ष अजीजुल इस्लाम ने सुबह 10:40 बजे तथा वीर शिबू सोरेन चौक पर 10:50 बजे तिरंगा फहराया। राष्ट्रगान के बाद कार्यकर्ताओं ने भारत माता की जय, वंदे मातरम और जय हिंद के नारों से वातावरण को देशभक्ति से भर दिया। जिलाध्यक्ष ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस देश के गौरव, संघर्ष और बलिदान को याद करने का अवसर है। आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले वीर सेनानियों और उन्हें जन्म देने वाली माताओं को सदैव नमन किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि देश उन सभी क्रांतिकारियों का सदैव ऋणी रहेगा, जिन्होंने स्वतंत्रता आंदोलन में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इधर, जिला कांग्रेस कार्यालय में पूर्व मंत्री आलमगीर आलम ने ध्वजारोहण कर राष्ट्रध्वज को सलामी दी। इस दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष श्रीकुमार सरकार, प्रखंड अध्यक्ष मंशारूल हक, पियारूल इस्लाम समेत बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे। नेताओं ने देश की एकता, अखंडता और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का संकल्प लिया। वहीं, राष्ट्रीय जनता दल के जिला कार्यालय में भी स्वतंत्रता दिवस पूरे उत्साह के साथ मनाया गया। पार्टी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में तिरंगा फहराया गया। इस अवसर पर देशहित और मातृभूमि के लिए बलिदान देने वाले वीर शहीदों एवं महापुरुषों के योगदान को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का संदेश दिया गया। झामुमो के कार्यक्रम में जिला उपाध्यक्ष हाजी समद अली, जिला सचिव माइकिल मुर्मू, सांसद प्रतिनिधि सह केंद्रीय सदस्य श्याम यादव, केंद्रीय समिति सदस्य उमर फारूक, महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष जोसेफिना हेम्ब्रम, अल्पसंख्यक जिलाध्यक्ष कदम रसूल, नगर अध्यक्ष मुकेश सिंह, पाकुड़ प्रखंड अध्यक्ष मुसलोद्दीन शेख, हिरणपुर प्रखंड अध्यक्ष इसहाक अंसारी समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी कार्यक्रमों में देशभक्ति, एकता और राष्ट्रप्रेम का संदेश प्रमुखता से गूंजता रहा।










