पाकुड़, उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में बाल श्रम उन्मूलन के लिए जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक आयोजित हुई। श्रम अधीक्षक ने जिले में चल रही बाल श्रम रोकथाम गतिविधियों की अद्यतन जानकारी प्रस्तुत की।
उपायुक्त ने सभी प्रखंडों में सतत जागरूकता अभियान चलाने, बाल श्रम विमुक्ति कार्यों की कड़ी निगरानी करने और हर स्तर पर प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। श्रम अधीक्षक और बाल संरक्षण पदाधिकारी को विशेष रूप से अभियान की नियमित मॉनिटरिंग करने को कहा गया।
उपायुक्त ने स्पष्ट कहा कि बाल विवाह पूरी तरह अस्वीकार्य है। सभी थाना प्रभारियों को नियमों का कड़ाई से पालन कराने और अपने क्षेत्र में सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। भ्रमण के दौरान जहां भी बच्चे काम करते मिले, उसकी सूचना तुरंत श्रम अधीक्षक को देने को कहा गया। रेलवे स्टेशन पर चाइल्ड लाइन को विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया गया है। 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के बिना अभिभावक समूह में पाए जाने पर पूछताछ करने और संदेह की स्थिति में तुरंत श्रम अधीक्षक व रेलवे पुलिस को सूचना देने के निर्देश दिए गए।
उपायुक्त ने कहा कि बाल श्रम और बाल विवाह दोनों गंभीर सामाजिक अपराध हैं और इनके उन्मूलन के लिए प्रशासन, समाज और संबंधित संस्थाओं के बीच मजबूत समन्वय जरूरी है।




