पाकुड़। संथाल परगना के महाविद्यालयों में स्नातक सीटों में की गई कटौती के विरोध में बुधवार को आदिवासी कल्याण बालक छात्रावास के छात्रों एवं एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने केकेएम कॉलेज में तालाबंदी कर जोरदार प्रदर्शन किया। छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सीट कटौती का निर्णय तत्काल वापस लेने की मांग की। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि केकेएम कॉलेज में स्नातक की सीटें 4,800 से घटाकर मात्र 1,800 कर दी गई हैं, जिससे हजारों छात्र-छात्राओं के नामांकन पर संकट खड़ा हो गया है। उनका कहना था कि इस फैसले का सबसे अधिक असर आर्थिक रूप से कमजोर, आदिवासी, दलित और वंचित वर्ग के विद्यार्थियों पर पड़ेगा।
प्रदर्शन के बाद छात्र प्रतिनिधिमंडल ने कॉलेज के प्राचार्य को ज्ञापन सौंपते हुए मांग की कि केकेएम कॉलेज की पूर्व निर्धारित सभी सीटें तत्काल बहाल की जाएं, चालू शैक्षणिक सत्र में सभी पात्र छात्र-छात्राओं को नामांकन का अवसर मिले, संथाल परगना के सभी महाविद्यालयों में छात्र संख्या के अनुरूप सीटों में वृद्धि की जाए तथा सीट कटौती संबंधी विश्वविद्यालय का आदेश अविलंब वापस लिया जाए। साथ ही भविष्य में छात्रों और महाविद्यालयों से विचार-विमर्श किए बिना कोई नीतिगत निर्णय नहीं लेने की मांग भी उठाई गई।
छात्र नेता कमल मुर्मू ने विश्वविद्यालय प्रशासन के फैसले को छात्र हितों के खिलाफ बताते हुए कहा कि यदि जल्द ही सीट कटौती का आदेश वापस नहीं लिया गया तो छात्र संगठन चरणबद्ध और व्यापक आंदोलन शुरू करेंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय प्रशासन की होगी। प्रदर्शन एवं तालाबंदी कार्यक्रम में आदिवासी कल्याण बालक छात्रावास के छात्र, एनएसयूआई के कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद रहे।





