झामुमो केंद्रीय समिति सदस्य उपासना मरांडी ने कहा- सांस्कृतिक विरासत बचाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी
इकबाल हुसैन
महेशपुर। प्रखंड के कैराछतर स्थित क्रिकेट मैदान में शनिवार को मेलर आदिम जनजाति संघर्ष मोर्चा, पाकुड़ जिला समिति की ओर से जावा जोगाई नृत्य करम महापर्व-2026 का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में झामुमो केंद्रीय समिति सदस्य उपासना मरांडी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। आयोजकों ने पुष्पगुच्छ भेंटकर उनका स्वागत किया। कार्यक्रम में भुइयां, घटवार, घटवाल और पहाड़िया समाज के बड़ी संख्या में पुरुष-महिलाओं ने भाग लिया। पारंपरिक करम गीत-संगीत और जावा जोगाई नृत्य ने माहौल को उत्सवमय बना दिया। आयोजन के दौरान सामाजिक एकता और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण का संदेश दिया गया। उपासना मरांडी ने कहा कि करम पर्व सिर्फ पूजा और उत्सव नहीं, बल्कि समाज की पहचान, प्रकृति के प्रति आस्था और सामाजिक एकता का प्रतीक है। अपनी संस्कृति और परंपराओं की रक्षा करना किसी एक व्यक्ति या संगठन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज का सामूहिक दायित्व है। उन्होंने युवाओं से अपनी जड़ों से जुड़े रहने और पूर्वजों से मिली सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जावा जोगाई नृत्य जैसे पारंपरिक आयोजन समाज को जोड़ने के साथ नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और पहचान से परिचित कराने का काम करते हैं। संस्कृति के संरक्षण के साथ समाज के सम्मान, अधिकार और स्वाभिमान की आवाज को भी मजबूत करना जरूरी है। कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष बीरबल राय, सचिव जितेंद्र राय, कोषाध्यक्ष गणेश राय, ग्राम प्रधान गोपी राय, अंजनी कुमार भगत, लक्ष्मण राय, सुबोध राय, दुर्गा राय, केशव राय, मितन राय, लालू पहाड़िया, बलराम राय, नंदकिशोर राय, लखन राय, राजू राय, कान्तु राय, कुंदन कुमार सिंह सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद थे।






