एक जमीन पर दो आवास विभाग की मेहरबानी।
पंचायत सचिव के मिलीभगत से बन रहा अबुआ आवास योजना से घर।
बजरंग पंडित
अबुआ आवास योजना झारखण्ड सरकार द्वारा झारखण्ड राज्य के गरीब परिवारों को पक्का मकान उपलब्ध कराने हेतु शुरू की गई योजना है। इस योजना के तहत उन सभी परिवारों को तीन कमरों वाला पक्का मकान दिया जाता है जिनके पास पक्का मकान नहीं है। सरकार की तरफ से इस योजना के तहत पक्का मकान बनाने हेतु दो लाख की आर्थिक मदद दिया जाता है। अबुआ आवास योजना का उद्देश्य प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना लाभ से वंचित रह गए लोगो को आवास उपलब्ध कराना है । इस योजना की शुरुआत 15 अगस्त 2023 को तत्कालीन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा किया गया, इसकी पहली किस्त 23 जनवरी 2024 को दिया गया है।झारखण्ड सरकार ने अबुआ आवास योजना में निःशुल्क पक्के मकान बनाने हेतु आर्थिक सहायता प्रदान करने के लिए लाभार्थियों के लिए पात्रता निर्धारित है, जबकि महेशपुर प्रखंड मे पंचायत सचिव की मिलीभगत के कारण आज कई पंचायतो मे पक्के मकान वालो को अबुआ आवास का लाभ दिया गया है। जिस पर अभी तक किसी भी किसी भी प्रकार की कार्रवाई नहीं किया गया है इसमें मामला प्रतीत होता है कि विभागीय पंचायत सचिव के अलावे विभागीय अधिकारी एवं कर्मी के द्वारा मामले को रफा दफा कर दिया जाता है। मामला जयपुर पंचायत के भीमपुर गांव मे देखने को मिल रहा है जहाँ वर्ष 2019-20 मे सरिता भुइमाली के नाम पर प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिया गया है जिसका पंजीकृत संख्या JH1006654 है।तो दूसरी ओर सरिता भुइमाली का बेटा सपन भुइमाली को वित्तीय वर्ष 2024-25 मे अबुआ आवास का लाभ फिर से दे दिया गया है जिसका RID संख्या 2470347 है।जबकि पहली किस्त के रूप मे 30 हजार रुपये खाता मे हस्ताँतरित किया जा चूका है। इस मामले को लेकर प्रखंड विकाश पदाधिकारी सिद्धार्थ शंकर यादव से बात करने पर बताया की मामले की जानकरी मिली है अगर ऐसा हुआ है तो जाँच कर आवश्यक करवाई किया जायेगा। वही पंचायत सचिव सोमनाथ राजवासी के द्वारा करवाई किए जाने की बात कही साथ ही रिकवरी किया जायेगा। उन्होंने ये भी बताया की जयपुर पंचायत मे पहले भी 3 अब्या आवास के लाभुको का राशि रिकवरी किया गया है।वही आवास के समन्वयक दवासिस दस ने जानकारी देते हुए बताया की मामले जानकारी नहीं है अगर ऐसा हुआ है तो पंचायत सचिव एवं मुखिया से स्पस्टीकर माँगा जायेगा साथ ही राशि की रिकवरी भी किया जायेगा।






