संजय कुमार गुप्ता
पांकी/पलामू। समाजसेवा को अपना जीवन उद्देश्य बना चुके समाजसेवी गौतम सिंह उर्फ डब्लू सिंह ने एक बार फिर जरूरतमंदों की मदद कर इंसानियत की मिसाल पेश की है। उन्होंने कहा कि “सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है और किसी जरूरतमंद के चेहरे पर मुस्कान लाना ही सच्ची मानवता है।”
गौतम सिंह ने बताया कि उन्हें उन लोगों की सहायता कर सुकून मिलता है, जिन्हें वास्तव में मदद की जरूरत होती है। उन्होंने कहा कि जब वे किसी जरूरतमंद की मदद करते हैं, तो उन्हें अंदर से खुशी और संतोष का अनुभव होता है, जिसे शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। उन्होंने ईश्वर के प्रति आभार जताते हुए कहा कि उन्हें इस योग्य बनाया गया है कि वे दूसरों के काम आ सकें।
उन्होंने युवाओं को देश का भविष्य बताते हुए कहा कि जो छात्र पुलिस, आर्मी और अर्धसैनिक बलों की तैयारी कर रहे हैं, वे देश सेवा के लिए खुद को तैयार कर रहे हैं। ऐसे में उनका मनोबल बढ़ाना और उनकी आवश्यकताओं में सहयोग करना हम सभी का नैतिक दायित्व है।
इसी सोच के तहत गौतम सिंह ने गणेशलाल अग्रवाल महाविद्यालय परिसर पहुंचकर आर्मी, पुलिस एवं अर्धसैनिक बल की तैयारी कर रहे दर्जनों निर्धन छात्रों को व्यायाम सामग्री एवं अन्य जरूरी संसाधनों के लिए आर्थिक सहायता प्रदान की। उनके इस सहयोग से छात्रों के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी।
गौतम सिंह ने कहा कि उनका यह प्रयास आगे भी जारी रहेगा। वे हमेशा छात्रों और जरूरतमंदों की हर संभव सहायता करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि समाजसेवा ही उनके जीवन की सच्ची पहचान है और यही उनका मुख्य उद्देश्य है।
अंत में उन्होंने कहा कि “जहां सेवा की भावना होती है, वहीं सच्ची मानवता का जन्म होता है।”






