राजकुमार भगत
पाकुड़ में मास्टर सोबरन मांझी पुस्तकालय के कर्मचारियों को कई महीनों से मानदेय नहीं मिला है, जिससे उनके परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो गया है। झामुमो केंद्रीय समिति के पूर्व सदस्य शाहिद इकबाल ने ग्रामीण विकास मंत्री डॉ. इरफान अंसारी से मुलाकात कर इस मामले का समाधान करने का आग्रह किया है। मंत्री ने संबंधित विभागीय सचिव को फोन कर आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। यह मामला न केवल पाकुड़ बल्कि झारखंड के सभी जिलों में पुस्तकालय कर्मचारियों को प्रभावित कर रहा है। शाहिद इकबाल ने शिक्षा मंत्री बैद्यनाथ राम, शिक्षा सचिव और शिक्षा निदेशक से मिलकर अविलंब कार्रवाई के लिए आवेदन दिया है। मास्टर सोबरन मांझी पुस्तकालय का नाम झामुमो के केंद्रीय अध्यक्ष दिशोम गुरु शिबू सोरेन के पिताजी के नाम पर रखा गया है, लेकिन कर्मचारियों की स्थिति दयनीय है और उन्हें जल्द से जल्द मानदेय की आवश्यकता है।





