आपात स्थिति से निपटने के लिए 24 घंटे तैयार है पाकुड़ फायर ब्रिगेड: अग्निशमन पदाधिकारी
नियमों की अनदेखी करने वालों पर होगी कार्रवाई
पाकुड़: दिल्ली में अग्निकांड के बाद देश भर के जिला प्रशासन विशेष फायर सेफ्टी (अग्निशमन सुरक्षा) को लेकर पूरी तरह सतर्क हो गए हैं इसी पाकुड़ में भी जिला स्तर पर होटलों, रेस्टोरेंट, गेस्ट हाउस और भीड़भाड़ वाले संस्थानों में सुरक्षा मानकों की औचक जांच और सीलिंग अभियान शुरू किया गया है।पाकुड़ जिले में किसी भी प्रकार की आपातकालीन स्थिति और अग्निकांड से निपटने के लिए पाकुड़ अग्निशमन विभाग हर समय मुस्तैद है। पाकुड़ के अग्निशमन पदाधिकारी अजय कुमार सिंह ने बताया कि उनका विभाग 24 घंटे तत्पर रहता है और सूचना मिलते ही मात्र 2 मिनट के रिस्पांस टाइम में दमकल गाड़ियां घटनास्थल के लिए रवाना हो जाती हैं।
आपात स्थिति में यहाँ करें संपर्क
पदाधिकारी ने आम जनता से अपील की है कि कहीं भी आग लगने की घटना होने पर तुरंत सूचित करें आपातकालीन नंबर 112 पर डायल करें। अथवा नजदीकी थाना को सूचना दें। अन्यथा पाकुड़ फायर स्टेशन के सीधे नंबर 9304953447 पर भी संपर्क किया जा सकता है।
जागरूकता के लिए हर महीने मॉक ड्रिल
अग्निशमन विभाग द्वारा लोगों को जागरूक करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। पदाधिकारी ने बताया कि विभाग प्रति महीने विभिन्न क्षेत्रों में जाकर मॉक ड्रिल का आयोजन करता है, जिसमें लोगों को आग से बचाव और सुरक्षा के तरीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी जाती है। इसके साथ ही, लोगों को वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन एनओसी (NOC) आवेदन करने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है।
नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कसेगा शिकंजा
प्रेस वार्ता के दौरान जब उनसे एनओसी (NOC) न लेने वाले संस्थानों के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा हम लगातार फायर ऑडिट के माध्यम से लोगों को सचेत करते हैं कि सुरक्षा नियमों की अनदेखी से जान-माल का बड़ा नुकसान हो सकता है। हमारा काम लोगों को जागरूक करना और अपने सीनियर अफसरों को रिपोर्ट सौंपना है।उन्होंने आगे बताया कि उपायुक्त (डीसी) महोदय की ओर से एक पत्र प्राप्त हुआ है। इसके आलोक में अनुमंडल पदाधिकारी (SDO) और कार्यपालक पदाधिकारी के नेतृत्व में जांच की जाएगी। जिन संस्थानों या भवनों में अग्निशमन की उचित व्यवस्था नहीं पाई जाएगी, उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।मशीन और संसाधनों के स्तर पर विभाग पूरी तरह मुस्तैद है और अलग-अलग क्षेत्रों में एक साथ भी घटना होने पर टीम मोर्चा संभालने के लिए तैयार है।








