कदाचार रोकने के लिए सघन जांच और उड़नदस्ता दल की निगरानी; सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों पर होगी त्वरित कार्रवाई।
पाकुड़। झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा (JTET)-2026 को निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और कदाचारमुक्त संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर तैयारी तेज कर दी है। एक नवंबर को होने वाली परीक्षा के मद्देनजर गुरुवार को रविंद्र भवन में उपायुक्त मेघा भारद्वाज की अध्यक्षता में ब्रीफिंग आयोजित की गई। इसमें पुलिस अधीक्षक अनुदीप सिंह ने परीक्षा ड्यूटी में तैनात पुलिस पदाधिकारियों और सुरक्षाकर्मियों को उनकी जिम्मेदारियों से अवगत कराते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि सुरक्षा और विधि-व्यवस्था के मामले में किसी तरह की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
एसपी ने सभी प्रतिनियुक्त पुलिस पदाधिकारियों और सुरक्षाकर्मियों को एक नवंबर की सुबह छह बजे तक अपने-अपने निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर पहुंचने का निर्देश दिया। पुलिस केंद्र के परिचारी प्रवर को जवानों की समय पर तैनाती सुनिश्चित करने और औचक जांच करने की जिम्मेदारी सौंपी गई। परीक्षा समाप्त होने के बाद भी केंद्रों पर तैनात सुरक्षा बल तब तक डटे रहेंगे, जब तक परीक्षा सामग्री कोषागार या बज्रगृह के लिए रवाना नहीं हो जाती।
परीक्षा केंद्रों और आसपास के इलाकों पर रहेगी नजर।
परीक्षा के दौरान संबंधित थाना और ओपी प्रभारी अपने-अपने क्षेत्र के परीक्षा केंद्रों तथा आसपास के इलाकों में लगातार गश्त करेंगे। वहीं, उड़नदस्ता दल को परीक्षा से एक दिन पहले सभी केंद्रों का भौतिक सत्यापन कर कमियों को दूर कराने का निर्देश दिया गया है। परीक्षा के दिन भी यह दल सक्रिय रहकर सुरक्षा व्यवस्था और विधि-व्यवस्था पर नजर रखेगा। केंद्रों में प्रवेश से पहले सभी अभ्यर्थियों की सघन जांच की जाएगी। एसपी ने निर्देश दिया कि जांच के दौरान नियमों का सख्ती से पालन हो, लेकिन किसी भी अभ्यर्थी या अभिभावक के साथ दुर्व्यवहार न किया जाए। सभी के साथ शालीनता से पेश आने को भी कहा गया है। परीक्षा के दौरान यातायात व्यवस्था सुचारु बनाए रखने के लिए यातायात प्रभारी को आवश्यक कदम उठाने का निर्देश दिया गया।
हर दो घंटे में ली जाएगी केंद्रों की रिपोर्ट।
परीक्षा के दिन जिला नियंत्रण कक्ष 24 घंटे सक्रिय रहेगा। वहां से प्रत्येक दो घंटे पर सभी परीक्षा केंद्रों की स्थिति की जानकारी ली जाएगी। किसी भी आकस्मिक परिस्थिति से निपटने के लिए क्यूआरटी को आवश्यक सुरक्षा उपकरणों के साथ तैयार रखने का निर्देश दिया गया है, ताकि जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।
भ्रामक पोस्ट पर साइबर सेल करेगा कार्रवाई।
परीक्षा को लेकर सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों और भ्रामक सूचनाओं पर भी पुलिस की नजर रहेगी। साइबर सेल को सोशल मीडिया की गतिविधियों की सख्त निगरानी करने तथा परीक्षा से संबंधित आपत्तिजनक या भ्रामक पोस्ट सामने आने पर वरीय अधिकारियों को सूचित कर त्वरित कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है। पुलिस की इस तैयारी का मुख्य उद्देश्य परीक्षा के दौरान किसी भी तरह की अव्यवस्था, कदाचार और अफवाह की स्थिति को रोकना है, ताकि अभ्यर्थी शांतिपूर्ण वातावरण में परीक्षा दे सकें।






