पाकुड़ में एक लाख से अधिक लोगों को मिला योजना का लाभ
उपायुक्त ने कहा हर योग्य लाभुक को सर्वजन पेंशन योजना का लाभ दिलाने के लिए जिला प्रशासन कटिबद्ध
पाकुड़। सरकार द्वारा चलाई जा रही सर्वजन पेंशन योजना का लाभ जिले के लगभग हर जरूरतमंद लाभार्थियों को मिल रहा है। सर्वजन पेंशन योजना का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के सीमित संख्या में लाभुकों को पेंशन देने की बाध्यता को समाप्त करते हुए वृद्ध, विधवा, निराश्रित महिला, दिव्यांगजन, आदिम जनजाति व एचआईवी एड्स पीड़ित को योजना से जोड़ने है। इसी का फल है कि जिले के 1,05,940 वृद्ध, विधवा, निराश्रित महिला, दिव्यांगजन, आदिम जनजाति व एचआईवी एड्स पीड़ित को इस योजना से जोड़ लिया गया है, जो सर्वजन पेंशन योजना लाभ लेकर सशक्त एवं आत्मनिर्भर बन रहे है। इस योजना के माध्यम से बेसहारा नागरिकों को प्रतिमाह एक हजार रुपए की पेंशन प्रदान की जाती है। जिससे कि वह अपनी जरूरतों को पूरा कर सकेंगे। इसकी शुरूआत साल 2021 में प्रदेश के नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार लाने के लिए सरकार द्वारा की गई। अक्तूबर 2021 में जिले के छह प्रखंडो में 29,996 लोगों को जिला प्रशासन द्वारा इस योजना का लाभ दिलाया गया। वहीं जून 2023 में जिला प्रशासन आंकड़ों में 45,948 की बढ़ोतरी करते हए 75,944 बेसहारा एवं जरूरतमंद नागरिकों को सर्वजन पेंशन योजना का लाभ दिलाने में सफलता पाई है।
61 हजार वृद्ध उठा रहे है इस योजना का लाभ
सर्वजन पेंशन योजना के तहत संचालित मुख्यमंत्री राज्य पेंशन योजना का लाभ वर्तमान में जिले के 61,792 वृद्ध उठा रहे है। जिला प्रशासन द्वारा अक्टूबर 2021 में मुख्यमंत्री राज्य पेंशन योजना के तहत 15,779 वृद्धों को इस योजना का लाभ दिलाया गया। वहीं जून 2023 में जिला प्रशासन द्वारा आंकड़ों में 30,334 की बढ़ोतरी करते हुए 46,013 वृद्धों को योजना का लाभ दिलाने में सफलता पाई है।
22 हजार आदिम जनजाति को मिल रहा है पेंशन
वहीं सर्वजन पेंशन योजना के तहत संचालित मुख्यमंत्री आदिम जनजाति योजना के तहत 22,437 आदमी जनजाति को पेंशन योजना का लाभ वर्तमान में दिया जा रहा है। इस योजना के लाभ दिलाने के लिए अक्टूबर 2021 में 10314 लोगों को जोड़ा गया था। वहीं जून 2023 में 12123 लोगों को जोड़कर आंकड़ों में 1809 लोगों की वृद्धि की गई है। इसके अलावा मुख्यमंत्री राज्य निराश्रित महिला सम्मान पेंशन योजना के तहत अक्टूबर 2021 में 1963 महिलाओं को लाभ दिलाया गया। वहीं जून 2023 में 13185 महिलाओं को इस योजना से जोड़कर जिला प्रशासन द्वारा उन्हें सम्मान देने का काम किया गया है। इसके अलावा एचआईवी/एड्स पीड़ित व्यक्ति सहायतार्थ पेंशन योजना के तहत 108 लोगों को इसका लाभ दिया जा रहा है। जिसमें अक्टूबर 2021 में 40 लोग एवं जून 2023 में 68 लोगों को लाभ दिया गया है। स्वामी विवेकानंद निशक्त स्वावलंबन प्रोत्साहन योजना के तहत जिले में 6,455 निशक्तों को योजना का लाभ दिया जा रहा है। जिसमें अक्टूबर 2021 में 1900 व जून 2023 में 4555 लोगों को योजना का लाभ दिया गया है।
उपायुक्त वरुण रंजन ने कहा कि पेंशन देने की बाध्यता को समाप्त करते हुए वृद्ध, विधवा, निराश्रित महिला, दिव्यांगजन, आदिम जनजाति व एचआईवी एड्स पीड़ित को योजना का लाभ दिलाना है। हर योग्य लाभुकों को सर्वजन पेंशन योजना के तहत लाभ दिलाने के लिए जिला प्रशासन कटिबद्ध है।
कौन ले सकते है सर्वजन पेंशन योजना का लाभ
1. आवेदक झारखंड का स्थाई निवासी होना चाहिए।
2. आवेदक की आयु 60 वर्ष से अधिक होनी चाहिए।
3. लाभार्थी के पास आय का कोई भी साधन नहीं होना चाहिए
4. 18 वर्ष से अधिक उम्र के बेसहारा नागरिकों और विधवा महिलाओं को भी इस योजना का लाभ प्रदान किया जाएगा।
5. 5 वर्ष से अधिक दिव्यांग नागरिकों एवं HIV AIDS पीड़ितों को को भी इस योजना का लाभ प्रदान किया जाएगा।





