अक्षय कुमार
रामगढ़। शनिवार को कृषि विज्ञान केन्द्र, रामगढ़ में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम-किसान) योजना की 23वीं किस्त के वितरण कार्यक्रम का सजीव प्रसारण आयोजित किया गया। इस अवसर पर जिले के विभिन्न गांवों से आए 100 से अधिक किसानों, कृषक महिलाओं एवं ग्रामीण युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संबोधन को प्रत्यक्ष रूप से देखा एवं सुना। कार्यक्रम के दौरान किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभ, ई-केवाईसी, आधार सीडिंग तथा अन्य किसान कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई। किसानों ने प्रधानमंत्री द्वारा किसानों के खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से सहायता राशि हस्तांतरित किए जाने की प्रक्रिया का लाइव प्रसारण देखा।

इस अवसर पर कृषि विज्ञान केन्द्र, रामगढ़ के कार्यकारी प्रधान डॉ. इन्द्रजीत ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना किसानों की आर्थिक सुरक्षा एवं कृषि विकास के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने किसानों से उन्नत कृषि तकनीकों को अपनाने तथा कृषि विज्ञान केन्द्र की विभिन्न गतिविधियों से जुड़कर अपनी आय बढ़ाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में डॉ. धर्मजीत खेरवार, वैज्ञानिक ने किसानों को फलदार पौधों के बाग लगाने की वैज्ञानिक तकनीकों, उपयुक्त प्रजातियों के चयन, पौधरोपण विधि तथा बागों के समुचित प्रबंधन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने किसानों को बागवानी आधारित कृषि प्रणाली अपनाकर अतिरिक्त आय अर्जित करने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर प्रक्षेत्र प्रबंधक श्री सन्नी कुमार ने किसानों को कृषि विज्ञान केन्द्र के विभिन्न प्रक्षेत्रों एवं प्रदर्शन इकाइयों का भ्रमण कराया तथा केन्द्र में संचालित कृषि, उद्यानिकी एवं पशुपालन संबंधी गतिविधियों की जानकारी दी। कार्यक्रम में श्री रोशन कुमार सहित कृषि विज्ञान केन्द्र के वैज्ञानिकों एवं कर्मचारियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। कार्यक्रम के अंत में किसानों के साथ संवाद सत्र आयोजित किया गया, जिसमें कृषि संबंधी समस्याओं एवं उनके समाधान पर चर्चा की गई। किसानों ने इस आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से उन्हें सरकारी योजनाओं एवं नवीन कृषि तकनीकों की जानकारी सीधे प्राप्त होती है, जिससे उनकी खेती अधिक लाभकारी एवं टिकाऊ बन रही है।





