पाकुड़/ राष्ट्रीय आविष्कार अभियान अंतर्गत प्रोजेक्ट परख के तहत प्रारंभिक विद्यालयों के छात्र- छात्राओं को व्यावहारिक ज्ञान से जोड़ने के उद्देश्य से तीन दिवसीय शैक्षणिक भ्रमण का आयोजन किया गया। इस अवसर पर उपायुक्त मनीष कुमार, विशेष कार्य पदाधिकारी त्रिभुवन कुमार सिंह, जिला शिक्षा अधीक्षक नयन कुमार एवं एडीपीओ पीयूष कुमार द्वारा परिसदन, पाकुड़ से 80 छात्र-छात्राओं के दल को 3 बसों के माध्यम से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।
जिले के तीन प्रखंडों से चयनित विद्यार्थी
यह शैक्षणिक भ्रमण पाकुड़िया, अमड़ापाड़ा एवं महेशपुर प्रखंड के कक्षा 06 से 08 तक के सरकारी विद्यालयों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं के लिए आयोजित किया गया है। विद्यार्थियों का चयन जिले के विभिन्न प्रखंडों से किया गया है, ताकि अधिक से अधिक बच्चों को इस पहल का लाभ मिल सके।
प्रकृति, विज्ञान एवं इतिहास से होगा सीधा परिचय
इस शैक्षणिक यात्रा के दौरान छात्र-छात्राओं को मधुवन पारसनाथ एवं पीरटांड़ (जिला गिरिडीह), सर जे.सी. बसु स्मारक स्थल, चिड़ियाघर, ओरमांझी स्थित मछली घर सहित अन्य दर्शनीय एवं ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण कराया जाएगा। इससे विद्यार्थियों को प्रकृति, विज्ञान, इतिहास एवं संस्कृति से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां व्यावहारिक रूप से प्राप्त होंगी।
अनुभव आधारित शिक्षा पर जोर:-डीसी
उपायुक्त मनीष कुमार ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि इस प्रकार के शैक्षणिक भ्रमण से बच्चों को कक्षा के बाहर सीखने का अवसर मिलता है, जिससे उनकी समझ और दृष्टिकोण दोनों का विस्तार होता है। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में जिज्ञासा, आत्मविश्वास एवं नई चीजों को सीखने की प्रेरणा विकसित करते हैं। साथ ही यह उनके सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
सुरक्षा एवं व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम
छात्र-छात्राओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए उनके साथ सुरक्षा बल एवं मेडिकल टीम की व्यवस्था की गई है, ताकि यात्रा के दौरान किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।
शिक्षा को अनुभव से जोड़ने की पहल
यह शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों को पुस्तकीय ज्ञान से आगे बढ़ाकर वास्तविक दुनिया से जोड़ने की एक महत्वपूर्ण पहल है, जो उनके ज्ञान, दृष्टिकोण एवं आत्मविश्वास को नई दिशा प्रदान करेगी।






